शहर के भेरियारेखा स्थित जीएनएम स्कूल की छात्राओं ने सोमवार की शाम हॉस्टल की बदहाल व्यवस्था और कथित दुर्व्यवहार के विरोध में आंबेडकर चौक के समीप कटिहार-पूर्णिया मुख्य सड़क को करीब दो घंटे तक जाम कर दिया। छात्राओं ने हॉस्टल में मूलभूत सुविधाओं की कमी के साथ-साथ प्राचार्य आदिती सिन्हा एवं शिक्षिका काजल कुमारी पर गंभीर आरोप लगाए।
आक्रोशित छात्राओं का कहना था कि हॉस्टल में पेयजल, साफ-सफाई और अन्य आवश्यक सुविधाओं का घोर अभाव है। उन्होंने आरोप लगाया कि एक शिक्षिका छात्राओं के साथ अमर्यादित व्यवहार करती हैं तथा उनके चरित्र पर भी आपत्तिजनक टिप्पणी करती हैं। छात्राओं ने यह भी शिकायत की कि कई छात्राओं के मोबाइल नंबरों पर बाहरी युवकों द्वारा आपत्तिजनक संदेश भेजे जा रहे हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि हॉस्टल की छात्राओं के मोबाइल नंबर बाहर कैसे पहुंचे और इसकी निष्पक्ष जांच की मांग की। सड़क जाम की सूचना मिलते ही जिलाधिकारी आशुतोष द्विवेदी, डीडीसी अमित कुमार, एसडीओ और अन्य प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। बाद में छात्राओं को समाहरणालय लाया गया, जहां जिलाधिकारी सहित अन्य अधिकारियों ने जमीन पर बैठकर उनकी समस्याएं सुनीं और समाधान का भरोसा दिलाया।
जिलाधिकारी ने बताया कि छात्राओं ने प्राचार्य और एक शिक्षिका के विरुद्ध कई शिकायतें दर्ज कराई हैं। उन्होंने कहा कि सिविल सर्जन द्वारा बुलाए जाने के बावजूद प्राचार्य बिना सूचना के अनुपस्थित रहीं। मामले की गंभीरता को देखते हुए डीडीसी को विस्तृत जांच का जिम्मा सौंपा गया है। डीएम ने संबंधित मोबाइल नंबरों की जांच कर साइबर थाना में प्राथमिकी दर्ज करने के निर्देश दिए।
साथ ही सिविल सर्जन को शिक्षिका काजल कुमारी को तत्काल प्रभाव से जीएनएम स्कूल से हटाने का निर्देश दिया गया। साथ ही इस समस्या को लेकर विभाग से पत्राचार करने की बात कही।
पेयजल, साफ-सफाई और सीसीटीवी कैमरों से जुड़ी समस्याओं के त्वरित समाधान का भी निर्देश दिया गया है। प्रशासन के आश्वासन और कार्रवाई के बाद छात्राओं का आक्रोश शांत हुआ तथा छात्राएं हॉस्टल को लौट गई।
