साइबर अपराधियों ने लोगों की गाढ़ी कमाई लूटने के लिए नए और बेहद शातिर तरीके अपनाना शुरू कर दिया है।
इन दिनों दो नए ट्रेंड्स के जरिए लोगों को निशाना बनाया जा रहा है। पहले तरीके में साइबर जालसाज किसी नामी कूरियर कंपनी का प्रतिनिधि बनकर लोगों को फोन कर रहे हैं।
वे दावा करते हैं कि पीड़ित का कोई पार्सल अटका हुआ है, जिसे डिलीवरी तक पहुंचाने के लिए नाम, पता या अन्य व्यक्तिगत विवरण अपडेट करना बेहद जरूरी है।
इसके बाद पीड़ित को अपनी बातों के जाल में फंसाकर एक विशेष नंबर डायल करने को कहा जाता है। जैसे ही उपभोक्ता वह नंबर डायल करता है, उसके मोबाइल का पूरा कंट्रोल जालसाजों के हाथ में चला जाता है और पलक झपकते ही खाते से मोटी रकम साफ हो जाती है। दूसरी ओर, जालसाज लोगों को काल और संदेश भेजकर यह दावा कर रहे हैं कि उन्हें हाल ही में किसी खेत या पुरानी जमीन की खुदाई के दौरान भारी मात्रा में सोना मिला है।
अपनी बात में सच्चाई का भरोसा दिलाने के लिए वे वॉट्सऐप या अन्य माध्यमों से सोने के आभूषणों और ईंटों की तस्वीरें भी साझा करते हैं।
इसके बाद इस कथित सोने को बाजार दर से काफी सस्ते दामों में बेचने का झांसा दिया जाता है। जो भी व्यक्ति इनके झांसे में आकर सौदेबाजी करने की कोशिश करता है, उससे अग्रिम राशि या प्रोसेसिंग फीस के नाम पर लाखों रुपये ठग लिए जाते हैं। साइबर थाना की पुलिस के अनुसार इस तरह के मामले में लगातार साइबर थाना में आ रहे है। साइबर थाना की डीएसपी संगीता ने बताया कि किसी भी अनजान काल पर किसी के कहने से कोई भी नंबर डायल न करें और न ही मोबाइल पर आए किसी कोड को शेयर करें। कोई भी कूरियर कंपनी फोन पर नंबर डायल करवाकर डेटा अपडेट नहीं कराती है। वहीं, सस्ते सोने या रातों-रात अमीर बनाने वाले किसी भी प्रलोभन से दूर रहें।
यदि कोई अनजान व्यक्ति इस तरह के लुभावने आफर दे, तो पहले फोन एयरोप्लेन मोड में डाले और फिर इसकी शिकायत स्थानीय पुलिस या राष्ट्रीय साइबर अपराध हेल्पलाइन नंबर पर दर्ज कराएं।
