लगातार हो रही बारिश के कारण राजधानी रांची के प्रमुख जलाशयों में पानी तेजी से बढ़ रहा है। कांके डैम का जलस्तर खतरे के निशान के बेहद करीब पहुंच गया है, वहीं शहर को पेयजल उपलब्ध कराने वाले रूक्का डैम में भी पानी की आवक लगातार बढ़ रही है। मौसम विभाग की ओर से आने वाले दिनों में भारी बारिश की चेतावनी के बीच जल संसाधन विभाग ने हाई अलर्ट जारी कर दिया है।
विभाग ने निचले इलाकों और नदी के तटीय क्षेत्रों में रहने वाले लोगों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है। साथ ही प्रशासन की ओर से जारी निर्देशों का पालन करने को कहा गया है। इधर, रूक्का डैम में भी जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। इसे देखते हुए डैम का रेडियल गेट कभी भी खोला जा सकता है।
पेयजल एवं स्वच्छता विभाग के मुताबिक, कांके डैम का जलस्तर बढ़कर 25.6 फीट हो गया है। डैम की कुल क्षमता 28 फीट है। ऐसे में अब यह अपनी अधिकतम क्षमता से महज 2.5 फीट नीचे है। लगातार बारिश को देखते हुए विभागीय अधिकारी जलस्तर की लगातार निगरानी कर रहे हैं।
वहीं, रूक्का डैम का जलस्तर बढ़कर 28.03 फीट पहुंच गया है। हालांकि इसकी कुल क्षमता 36 फीट है और फिलहाल डैम में करीब आठ फीट पानी की गुंजाइश बाकी है। इसके बावजूद बारिश की स्थिति को देखते हुए विभाग सतर्क है और रेडियल गेट खोलने की संभावना पर नजर रख रहा है।
मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, रांची में इस साल 1 जून से 7 अगस्त तक कुल 537 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है। यह सामान्य बारिश के 591 मिलीमीटर के आंकड़े से करीब 9 प्रतिशत कम है। हालांकि पिछले कुछ दिनों में हुई लगातार बारिश के कारण शहर के जलाशयों में पानी तेजी से बढ़ा है।
कार्यपालक अभियंता, जलपथ प्रमंडल (डोरंडा, रांची) की ओर से जारी एडवाइजरी में कहा गया है कि स्थिति को नियंत्रित करने के लिए निकट भविष्य में कभी भी रूक्का डैम के रेडियल गेट खोले जा सकते हैं। गेट खुलने के बाद डाउनस्ट्रीम यानी निचले प्रवाह वाले इलाकों में पानी का बहाव अचानक तेज हो सकता है। इसे देखते हुए सुरक्षा के लिहाज से डूब क्षेत्र में किसी भी तरह की गतिविधि और लोगों की आवाजाही पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया गया है।
विभाग ने स्वर्णरेखा नदी के जलग्रहण क्षेत्र और रेडियल गेट से प्रभावित गांवों के लोगों को नदी की धारा में नहीं उतरने की चेतावनी दी है। तटीय और निचले इलाकों में रहने वाले लोगों से अपील की गई है कि स्थिति की गंभीरता को देखते हुए समय रहते सुरक्षित स्थानों पर चले जाएं।
इसके अलावा जलाशय के डूब क्षेत्र में किए गए किसी भी अनधिकृत निर्माण को तत्काल हटाने का निर्देश दिया गया है। विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे जलस्तर और डैम से जुड़ी परिस्थितियों को देखते हुए प्रशासन की चेतावनियों को गंभीरता से लें और सुरक्षा के लिए जरूरी सावधानियां बरतें।
