राजधानी के रामकृष्णानगर स्थित आभूषण दुकान में हुई डकैती कांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है।
बुधवार सुबह बेउर इलाके के कृषि फार्म परिसर में हुई मुठभेड़ में इस वारदात का मुख्य आरोपी दिलीप गोली लगने से घायल हो गया। उसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस पर फायरिंग, जवाबी कार्रवाई में घायल
एसएसपी कार्तिकेय के. शर्मा ने बताया कि डकैती कांड के उद्भेदन के लिए विशेष टीम का गठन किया गया था। वैज्ञानिक अनुसंधान और आसूचना संकलन के दौरान पुलिस ने उदित नामक व्यक्ति को गिरफ्तार किया। उसने दिलीप और रोहन का नाम उजागर किया। इसके बाद दोनों को पकड़ा गया तो उन दोनों ने घटना में संलिप्तता स्वीकार की। दिलीप ने ही दुकान में घुसकर मालिक से मारपीट की थी।
दिलीप को पुलिस जब घटनास्थल पर लेकर गई, तभी उसने भागने की कोशिश की और कट्टा से पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। पुलिसकर्मी बाल-बाल बच गए। आत्मरक्षा में की गई जवाबी कार्रवाई में दिलीप के पैर में गोली लग गई। पूछताछ में दिलीप ने खुलासा किया कि डकैती के बाद सभी आरोपी बाइक से बेउर के कृषि फार्म पहुंचे थे। यहां आम के पेड़ के नीचे लूटे गए आभूषणों का आपस में बंटवारा किया गया और हथियार छिपा दिए गए।
पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर घटनास्थल से हथियार भी बरामद कर लिए हैं। पुलिस ने 7.6 एमएम की गोली, जिंदा कारतूस, खोखा और एक कट्टा बरामद किया है।
एसएसपी ने बताया कि डकैती में इस्तेमाल किए गए हथियारों की बरामदगी हो चुकी है। अन्य अपराधियों को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा। पुलिस का कहना है कि इस मामले में शामिल अन्य अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। उन्हें जल्द ही पकड़ लिया जाएगा।
