एमआइटी (मुजफ्फरपुर इंस्टीट्युट आफ टेक्नोलाजी) में मारपीट की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। एक बार फिर संस्थान में जूनियर छात्रों ने सीनियर के साथ गाली- गलौच और मारपीट की है।
मारपीट के बाद सीनियर और जूनियर छात्रों के बीच तनातनी की स्थिति बनी रही। रात में मारपीट की सूचना छात्रों ने कालेज प्रशासन को दी। इसके बाद शिक्षकों ने वहां पहुंचकर स्थिति को संभाला। मामले को लेकर बुधवार को सीनियर छात्रों ने जूनियर पर गाली-गलौच और मारपीट की शिकायत की है। इसमें सात से आठ छात्रों के नाम दिए गए हैं। ये छात्र सिविल, मैकेनिकल, आइटी, लेदर समेत अन्य ब्रांचों के हैं। सीनियर छात्रों ने प्राचार्य को आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की है। बताया गया कि संस्थान के बैडमिंटन कोर्ट पर रात में 2024 बैच के सीनियर छात्र बैडमिंटन खेल रहे थे। छात्रावास संख्या एक में रहने वाले 2025 के कुछ जूनियर छात्र ग्रुप में वहां आ पहुंचे।
वे हो-हल्ला कर रहे थे। सीनियर छात्रों ने सभी को सुरक्षा का हवाला देते हुए रात में घूमने के लिए मना किया। इस पर जूनियर छात्रों ने गाली -गलौच करना शुरू कर दिया। जब सीनियर ने इसका विरोध किया तो जूनियर छात्रों ने हाथापाई की और मारपीट की। सीनियर छात्रों ने इसके बाद अपने बैच के दूसरे विद्यार्थियों को बुलाया। इसके बाद जूनियर छात्र अपने हास्टल में पहुंच कर छत पर चले गए। वहां से सीनियर छात्रों को गाली- गलौच करने लगे। सीनियर छात्र छात्रावास संख्या एक में नहीं जा सकते थे तो उन्होंने शिक्षकों को फोन कर इसकी जानकारी दी। इसके बाद किसी तरह रात में मामले को शांत कराया गया। एमआइटी के प्राचार्य प्रो. एमके झा ने कहा कि छात्रों के बीच किसी बात को लेकर विवाद हुआ होगा। इसकी जानकारी हुई है।
एमआइटी के बीटेक कोर्स में नामांकन की प्रक्रिया बुधवार को सर्वर फेल होने के कारण बाधित रही। दोपहर करीब दो बजे के आसपास सर्वर ने काम करना बंद कर दिया। इसके बाद नामांकन प्रक्रिया ठप हो गई। इस कारण विद्यार्थियों के साथ-साथ उनके स्वजन को भी परेशानी हुई।
नामांकन कराने के लिए छात्र दूरदराज से पहुंचे थे। विद्यार्थी अपने हाथों में दस्तावेज लेकर बारिश में भींगते हुए दौड़ते – भागते संस्थान में पहुंचे। यहां पहुंचने के बाद उन्हें जानकारी मिली कि सर्वर काम नहीं कर रहा है।
इसके बाद कई विद्यार्थियों ने बीसीईसीई कार्यालय में हेल्पलाइन नंबर को काल करते हुए इसकी जानकारी दी लेकिन कोई जवाब नहीं मिला।
एमआइटी प्रशासन की ओर से भी सर्वर में आ रही समस्या के कारण नामांकन प्रक्रिया बाधित होने की शिकायत की गई। देर शाम तक परेशानी बनी रही।
शाम में हार कर आसपास के जिलों के विद्यार्थी अपने घर लौट गए। वहीं दूरदराज से आए विद्यार्थियों ने कहा कि अब उन्हें घर वापस जाने के लिए कोई गाड़ी नहीं मिलेगी। ऐसे में वे स्टेशन या होटल में कमरा लेकर रात बिताएंगे। छात्रों ने कहा कि गुरुवार को आखिरी दिन नामांकन होना है।
