मुजफ्फरपुर में रविवार को यूपी के 2 लोगों के अपहरण की कोशिश हुई। अपहरण करने वाले 12 लोग भी यूपी के हैं। अपहरण के दौरान एक आरोपी देव चंद्र सिंह यादव को स्थानीय लोगों ने पकड़ लिया और उसकी पिटाई कर दी। बाकी के 11 लोग फरार हो गए। फिलहाल एक को पुलिस ने हिरासत में लिया है, उससे पूछताछ हो रही है। जिनको अगवा करने की कोशिश की जा रही थी, उनमें वाराणसी के संतोष कुमार यादव और रतन कुमार झा हैं। इन लोगों ने पैसा डबल करने का लालच देकर यूपी में ठगी की थी। पुलिस और लोगों से बचने के लिए दोनों मुजफ्फरपुर के होटल में छिपे थे।
ठगी के शिकार लोगों को पता चला तो संतोष और रतन मुजफ्फरपुर के होटल में हैं तो वे लोग होटल के बाहर पहुंच गए। जैसे ही संतोष और रतन होटल से निकले, 12 लोग दोनों को जबरन कार में बैठाकर ले जाने लगे। दोनों ने शोर मचाया तो स्थानीय लोग बीच में आ गए। घटना सदर थाना क्षेत्र के भिखनपुरा की है। पुलिस के अनुसार संतोष और रतन यूपी के गाजीपुर में अंजली फाउंडेशन नाम से एक कंपनी चलाते हैं। आरोप है कि वह कम समय में पैसे दोगुना करने का लालच देकर कई लोगों से रकम लेता था। अब तक करीब 100 लोगों के साथ ठगी कर चुका है।
इस मामले में उत्तर प्रदेश में उसके खिलाफ कई मुकदमे दर्ज होने की जानकारी मिली है। पुलिस के मुताबिक, इन मामलों के बाद से वह कुछ समय से यहां छिपकर रह रहा था। गाजीपुर के स्थानीय थाने में प्राथमिकी दर्ज है। सदर थानाध्यक्ष नवलेश कुमार आजाद पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने देव चंद्र सिंह यादव को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। इसके बाद फरार आरोपितों की तलाश में पुलिस टीम उत्तर प्रदेश पहुंची और छापेमारी शुरू की।
मामले में एसडीपीओ हिमांशु कुमार ने बताया कि गाजीपुर में दर्ज ठगी के मामले के 2 आरोपित मुजफ्फरपुर में छिपे हुए थे
