विश्वविद्यालय थाना क्षेत्र में पांच वर्षीय बच्ची की दुष्कर्म के बाद हत्या कर दी गई। शनिवार देर रात उसका शव मिलने से हड़कंप मच गया। पुलिस ने आरोपित विकास कुमार महतो (25 वर्ष) को गिरफ्तार कर लिया। रविवार की सुबह आक्रोशित लोगों ने आरोपित की पिता की जनरल स्टोर की गुमटी और भाई के टेंपो को आग के हवाले कर दिया। दिल्ली मोड़ जाने वाली मुख्य सड़क को जाम कर लोग आरोपित को जनता के हवाले करने की मांग करने लगे। पुलिस ने जाम हटाने का प्रयास किया तो उग्र भीड़ ने पथराव कर दिया। करीब चार घंटे तक हंगामा चलता रहा।
शनिवार की शाम बच्ची मंदिर के पास दो बच्चियों के साथ खेल रही थी और उसकी मां चौका बर्तन करने बाहर गई थी। बताया
जाता है कि शाम करीब सात बजे आरोपित विकास पहुंचा और बच्ची को चाकलेट का लालच देकर अपने साथ ले गया। करीब सौ गज की दूरी पर 10 फीट ऊंची दीवार से घिरे खाली प्लाट में बच्ची के साथ दुष्कर्म करने के बाद उसकी
हत्या कर दी। शव को वहीं छोड़ आरोपित अपने घर चला गया। काफी देर तक जब बच्ची घर नहीं लौटी तो स्वजन ने खोजबीन शुरू की, लेकिन पता नहीं चला। रात करीब 10:45 बजे इसकी सूचना विश्वविद्यालय थाने को दी गई।
पुलिस ने इलाके में खोजबीन शुरू की। इस बीच पटवा पोखर के पास कुत्तों के भौंकने की आवाज सुनकर पुलिस एवं बच्ची के मामा वहां पहुंचे। दीवार के पार कचरे में बच्ची को देखा। स्वजन वहां से शव को उठाकर ले गए।
फुटेज देखकर अन्य बच्चियों ने की आरोपित की पहचान
साथ खेल रही अन्य बच्चियों से पुलिस ने पूछताछ की। बच्चियों ने एक युवक द्वारा उसे ले जाने की जानकारी दी। कहा कि देखकर पहचान सकते हैं, उसका नाम नहीं जानते। बच्चियों ने फुटेज देखकर आरोपित विकास की पहचान की। पुलिस ने विकास के घर पहुंचकर रक्त रंजित वस्त्र के साथ उसे गिरफ्तार कर लिया। थाने लाकर पूछताछ में उसने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। रात में ही बच्ची के मां के आवेदन पर प्राथमिकी दर्ज की गई।
